मुंबई रूट पर भारी बारिश का असर:अवंतिका एक्सप्रेस समेत 8 ट्रेनें रहेगी रद्द; कई स्टेशनों पर फंसे यात्रियों को भोजन-पानी उपलब्ध कराया गया

मुंबई रेल मंडल के घोलवड-उमरगाम रोड रेलखंड में भारी बारिश के कारण हुए जलभराव का असर दूसरे दिन भी रेल यातायात पर बना हुआ है। रेल परिचालन प्रभावित होने के चलते रतलाम रेल मंडल से होकर गुजरने वाली कई ट्रेनों का संचालन शुक्रवार को भी प्रभावित रहेगा। रेलवे ने 8 ट्रेनों को उनके प्रारंभिक स्टेशनों से रद्द कर दिया है, जबकि 6 ट्रेनों को शॉर्ट टर्मिनेट और शॉर्ट ओरिजिनेट किया गया है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, गुरुवार को घोलवड-उमरगाम रेलखंड के बीच स्थित ब्रिज क्रमांक-203 पर जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया था। सुरक्षा कारणों से इस सेक्शन पर रेल परिचालन अस्थायी रूप से प्रभावित करना पड़ा, जिससे दिल्ली-मुंबई रेल मार्ग की कई ट्रेनें प्रभावित हुईं। मुंबई की ओर जाने वाली अनेक ट्रेनों को रतलाम मंडल के विभिन्न स्टेशनों पर रोका गया।
यात्रियों के लिए भोजन और पेयजल की व्यवस्था
रतलाम, नामली, नागदा, मेघनगर, लिमखेड़ा, थांदला रोड और बामनिया स्टेशनों पर रुकी ट्रेनों के यात्रियों के लिए रेलवे प्रशासन ने दाल-चावल, खिचड़ी, पोहा, केले और पेयजल की व्यवस्था की। इस सेवा कार्य में रतलाम के बोहरा समाज सहित कई सामाजिक संगठनों और स्थानीय नागरिकों ने भी सहयोग किया।
मुंबई रेल मंडल के घोलवड-उमरगाम रोड रेलखंड में भारी बारिश के कारण हुए जलभराव का असर दूसरे दिन भी रेल यातायात पर बना हुआ है। रेल परिचालन प्रभावित होने के चलते रतलाम रेल मंडल से होकर गुजरने वाली कई ट्रेनों का संचालन शुक्रवार को भी प्रभावित रहेगा। रेलवे ने 8 ट्रेनों को उनके प्रारंभिक स्टेशनों से रद्द कर दिया है, जबकि 6 ट्रेनों को शॉर्ट टर्मिनेट और शॉर्ट ओरिजिनेट किया गया है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, गुरुवार को घोलवड-उमरगाम रेलखंड के बीच स्थित ब्रिज क्रमांक-203 पर जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया था। सुरक्षा कारणों से इस सेक्शन पर रेल परिचालन अस्थायी रूप से प्रभावित करना पड़ा, जिससे दिल्ली-मुंबई रेल मार्ग की कई ट्रेनें प्रभावित हुईं। मुंबई की ओर जाने वाली अनेक ट्रेनों को रतलाम मंडल के विभिन्न स्टेशनों पर रोका गया।
यात्रियों के लिए भोजन और पेयजल की व्यवस्था
रतलाम, नामली, नागदा, मेघनगर, लिमखेड़ा, थांदला रोड और बामनिया स्टेशनों पर रुकी ट्रेनों के यात्रियों के लिए रेलवे प्रशासन ने दाल-चावल, खिचड़ी, पोहा, केले और पेयजल की व्यवस्था की। इस सेवा कार्य में रतलाम के बोहरा समाज सहित कई सामाजिक संगठनों और स्थानीय नागरिकों ने भी सहयोग किया।

















































