Good news for outsource employee: मप्र के संविदा कर्मचारियों को जल्द मिलेगा तोहफा, वेतन वृद्धि पर हाईकोर्ट ने लगाई मुहर

Good news for outsource employee: मध्य प्रदेश के लाखों संविदा और आउटसोर्स कर्मियों को बड़ी खुशखबरी मिली है। हाई कोर्ट के फैसले के बाद राज्य के राज्य के हजारों आउट सोर्स और संविदा कर्मचारियों के लिए सैलरी की राह खुल जाएगी। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के द्वारा सरकार के नियमितीकरण के अपील को खारिज कर दिया गया है।
कोर्ट ने कहा है कि यह बड़े वर्ग के भविष्य से जुड़ा मसला है इस पर स्थगन नहीं दिया जाएगा। हाई कोर्ट ने स्पष्ट शब्दों में सरकार से कहा है कि संविदा कर्मियों के सैलरी को जल्द से जल्द दिया जाए। इस संबंध में कोर्ट ने सरकार को सिंगल बेंच के निर्णय का पालन करने का निर्देश दिया है।
9 अप्रैल को आया था फैसला
9 अप्रैल को सिंगल बेंच ने 10 साल की सेवा पूरा करने वाले संविदा कर्मचारियों को सामान्य प्रशासन विभाग की 7 अक्टूबर 2016 की नीति का लाभ दिए जाने का फैसला सुनाया था। हाई कोर्ट के जस्टिस विशाल धगट ने कहा ताकि 10 साल की सेवा पूरी करने वाले संविदा कर्मचारियों को सामान्य प्रशासन विभाग के साथ अक्टूबर 2016 की नीति का लाभ मिले। हाई कोर्ट में स्पष्ट रूप से कहा कि जो भी वेतन में बढ़ोतरी हुई है उसका लाभ संविदा कर्मचारियों को जल्द से जल्द दिया जाए।
5 लाख से अधिक संविदा और आउटसोर्स कर्मचारी को मिलेगा फायदा
हाई कोर्ट के फैसले के बाद मध्य प्रदेश के 5 लाख से अधिक संविदा कर्मचारियों और आउटसोर्स कर्मचारी को फायदा मिलने वाला है। जल्द ही वेतन और भत्ते में लाभ का तोहफा मिलेगा। हाई कोर्ट के फैसले के बाद अब सैलरी में बढ़ोतरी का रास्ता खुल गया है।

















































