खबरें जिलों की

Khargon News: नर्मदा तट पर करोड़ों रुपए से बनेगा घाट, यहां तक पहुंचने का मार्ग स्वीकृत करना भूले अधिकारी

Narmada River Ghat: सिंहस्थ को देखते हुए प्रशासन लगातार योजनाओं पर काम कर रहा है। इसके मद्देनजर ग्राम कटघड़ा में बन रहे सिक्सलेन के नीचे करोड़ों रुपए की लागत से नर्मदा घाट का निर्माण स्वीकृत किया जा चुका है। घाट निर्माण की स्वीकृति के बाद इसमें तकनीकी खामी सामने आई है। सिक्सलेन पुल से लेकर घाट तक पहुंचने का कोई सर्विस रोड स्वीकृत करना ही अफसर भूल गए हैं। प्रशासन भी इस कमी को स्वीकार कर अब सर्विस लेन बनाने को लेकर एनएचएआई व जिला प्रशासन को अवगत कराने की बात कर रहा है। इस मामले में क्षेत्रवासियों ने विधायक सचिन बिरला से भेंटकर सिक्सलेन नर्मदा पुल के नीचे से निर्माणाधीन कटघड़ा नर्मदा घाट तक सुचारू आवागमन के लिए दोनों ओर सर्विस रोड निर्माण की आवश्यकता बताई। विधायक ने क्षेत्रवासियों की मांग पर सहमति व्यक्त करते हुए केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी व मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखा है।

यातायात बाधित से बन सकती है भगदड़ की स्थिति

विधायक ने पत्र में कहा कि उज्जैन सिंहस्थ के मद्देनजर प्रदेश सरकार नर्मदा तट के ग्राम कटघड़ा में करोड़ों रुपए से घाट निर्माण करवा रही है। लेकिन एनएचएआई की सिक्सलेन नर्मदा पुल निर्माण परियोजना में ग्राम कटघड़ा में नर्मदा तट पर निर्मित होने वाले घाट तक पहुंचने के लिए दोनों तरफ सर्विस रोड निर्माण का प्रावधान शामिल नहीं किया है। यह एक बड़ी तकनीकी खामी है। पत्र में कहा कि सिंहस्थ के दौरान ओंकारेश्वर-ममलेश्वर ज्योतिर्लिंग दर्शन के लिए उज्जैन व महेश्वर की ओर से आने वाले श्रद्धालुओं के वाहनों को सुरक्षा की दृष्टि से ग्राम कटघड़ा में ही रोकना प्रस्तावित है। ऐसी स्थिति में सिक्सलेन नर्मदा पुल से नीचे कटघड़ा तक पहुंचने के लिए सर्विस रोड नहीं होगा तो श्रद्धालु व उनके वाहन मुख्य राजमार्ग पर ही फंस जाएंगे। इससे न केवल यातायात बाधित होगा अपितु भगदड़ जैसी अप्रिय स्थिति उत्पन्न होने की आशंका भी बनी रहेगी। इसलिए सिक्सलेन नर्मदा पुल के नीचे कटघड़ा नर्मदा घाट तक दोनों ओर सर्विस रोड निर्माण जरूरी है।

सिंहस्थ में यहीं नर्मदा स्नान की व्यवस्था देने की तैयारी

सिंहस्थ के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु ओंकारेश्वर जाएंगे। चूंकि प्रशासन के सामने बड़ी संख्या में आने वाली भीड़ को नियंत्रित करने की चुनौती है। इसके कटघड़ा में पुल के नीचे से लेकर दोनों ओर करोड़ों रुपए की लागत से घाट तैयार किया जाएगा। चलते श्रद्धालुओं को यहीं नर्मदा स्नान के लिए व्यवस्था देने के चलते यह निर्णय लिया गया हैं। इसलिए बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का यहां आना तय माना जा रहा है। यही वजह है कि प्रशासन व विधायक इस मामले को गंभीरता से ले रहे हैं।

एसडीएम, सत्यनारायण दरों ने इस मामले में कहा कि एनएचएआई टीम से बात कर रहे है। यह निश्चित तौर पर कमी रही है। सर्विस लेन को लेकर कलेक्टर के साथ ही एनएचएआई टीम से भी बात की जा रही हैं।

Back to top button