मंदसौर

Mandsaur Mandi: मंदसौर मंडी में भीगा लहसुन, एक-दो दिन ऐसा ही रहेगा मौसम

Mandsaur Weather: मंदसौर जिले में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। शहर सहित अंचल क्षेत्र में मंगलवार को हल्की बूंदाबांदी हुई। कृषि उपज मंडी में खुले में रखी किसानों की उपज भी भीग गई। मौसम में आए इस बदलाव से ठंड का असर फिर बढ़ने लगा है। बीते 6 दिनों में न्यूनतम तापमान में 2 और अधिकतम में 3 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है।

पिछले 10 दिनों में मौसम का मिजाज लगातार बदलता रहा। कुछ दिन पहले तक दिन में तेज गर्मी का अहसास होने लगा था लेकिन पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होते ही अब फिर ठंड बढ़ गई है। बूंदाबांदी के चलते हवा में नमी बढ़ने से सर्दी का असर ज्यादा महसूस हो रहा है। मावठे ने मौसम का गणित पूरी तरह बिगाड़ दिया है। गर्मी के आहट के बीच वापस लौटी सर्दी ने न केवल जनजीवन को प्रभावित किया है बल्कि सेहत और खेती दोनों के लिए चुनौतियां खड़ी कर दी है। विभाग के अनुसार अगले एक-दो दिन ऐसे ही बादल छाए रहेंगे।

पिछले साल भी जनवरी में हुई थी बारिश

यह लगातार दूसरी बार है जब जनवरी में बूंदाबांदी व बारिश हुई है। हालांकि, पिछले साल मावठे की स्थिति 15 जनवरी को ही बन गई थी। इस बार बूंदाबांदी महीने के अंत में हो रही है। इसके अलावा पिछले करीब 3 साल से जनवरी में ‘कोल्ड डे’ रहते आए हैं। इस बार अब तक ‘कोल्ड डे’ नहीं रहा लेकिन आगामी दिनों में पारा गिरने से शीतलहर चलने व शीत दिवस (कोल्ड डे) रहने की पूरी संभावना है।

उपज को नुकसान

कृषि उपज मंडी में बूंदाबांदी किसानों के लिए परेशानी का कारण बनी। मंडी में खुले में रखी गेहूं, चना, सोयाबीन व लहसुन की उपज भीग गई। इससे गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका है। किसानों का कहना है कि अचानक बदले मौसम के कारण उपज ढकने का मौका नहीं मिला। किसान मशक्कत करते दिखे।

वायरल के मरीज बढ़े

मौसम में उतार-चढ़ाव का असर स्वास्थ्य पर भी दिखने लगा है। जिला अस्पताल और निजी चिकित्सालयों में सर्दी, खांसी, बुखार और वायरल संक्रमण के मरीजों की संख्या बढ़ी है। अभी औसत ओपीडी 1 हजार के पार है। चिकित्सकों के अनुसार पहले गर्मी और अब रात में ठंड बढ़ने के कारण लोग बीमार पड़ रहे हैं। खासकर बच्चे और बुजुर्ग ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं।

Back to top button