Ratlam News: झुलसी युवती के इलाज की जिम्मेदारी पर घिरी बिजली कंपनी, 1.60 लाख रु. देगी

Ratlam News: रतलाम जिले में जावरा क्षेत्र के गांव पाटन में 11 केवीए हाई-वोल्टेज लाइन की चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलसी युवती के इलाज और विभागीय लापरवाही के खिलाफ शनिवार को जनाक्रोश फूट पड़ा। करणी सेना परिवार के मुखिया जीवनसिंह शेरपुर के नेतृत्व में सर्व समाज के सैकड़ों ग्रामीणों ने बिजली कार्यालय का घेराव कर दो घंटे तक धरना-प्रदर्शन किया। इसके बाद बिजली कंपनी के अधिकारियों ने पीड़िता के इलाज के लिए 1 लाख रुपए विभागीय सहयोग और 60 हजार रुपए सरकारी सहायता दिलाने का आश्वासन दिया।
बता दें कि 28 दिसंबर को वंदना पिता संजय पाटीदार 11 केवीए तार की चपेट में आ गई थी। हादसे के बाद से उसका इलाज उज्जैन में जारी है। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से जर्जर और झूलते तारों की शिकायतें की जा रही थीं, लेकिन बिजली कंपनी ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। इसी उपेक्षा का परिणाम यह गंभीर हादसा है। ग्रामीणों ने पहले विभाग को ज्ञापन सौंपे, पर जब कोई सुनवाई नहीं हुई तो कारगिल चौक पर नुक्कड़ सभा की। वहां से रैली निकालकर बिजली कार्यालय पहुंचे। धरना स्थल पर हनुमान चालीसा का पाठ किया गया। शेरपुर ने अधिकारियों से दोषियों पर कार्रवाई व पीड़िता के संपूर्ण उपचार का खर्च विभाग द्वारा वहन करने की मांग रखी।
लाइनमैन को हटाया, सुपरवाइजर पर कार्रवाई का भरोसा
जिले से पहुंचे अधिकारी मनोज शर्मा ने प्रदर्शनकारियों से चर्चा के बाद पाटन में पदस्थ लाइनमैन को तत्काल प्रभाव से हटाने और संबंधित सुपरवाइजर पर कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि कंपनी के कर्मचारी आपसी सहयोग से 1 लाख रुपए जुटाएंगे और शासन से 60 हजार रुपए की सहायता दिलाई जाएगी।
‘बिल वसूली में सख्ती सुरक्षा में लापरवाही’
जीवनसिंह ने कहा कि किसानों और उपभोक्ताओं से भारी-भरकम बिजली बिल वसूले जाते हैं, लेकिन सुरक्षा मानकों की अनदेखी स्वीकार नहीं है। उन्होंने स्मार्ट मीटर को लेकर भी सवाल उठाते हुए कहा कि हाईकोर्ट के निर्देशानुसार उपभोक्ता की सहमति के बिना मीटर नहीं लगाए जा सकते और असहमति होने पर आवेदन देकर हटवाने का अधिकार है।


















































